उत्तर प्रदेश में नए साल पर कड़ी निगरानी के आदेश, सभी जिलों को सतर्कता बढ़ाने के निर्देश

नए साल के मौके पर उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को लेकर कड़ा रुख अपनाते हुए पूरे प्रदेश में सख्त निगरानी के आदेश जारी किए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर सभी जिलों के पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को अलर्ट मोड पर रहने को कहा गया है, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके। शासन की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि सार्वजनिक स्थानों, धार्मिक स्थलों, पर्यटन केंद्रों, रेलवे स्टेशनों, बस अड्डों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाए। इसके साथ ही संवेदनशील और अति संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। नए साल के जश्न के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए ड्रोन कैमरों, सीसीटीवी और सोशल मीडिया मॉनिटरिंग की भी व्यवस्था की गई है, ताकि अफवाह फैलाने वालों और शरारती तत्वों पर तुरंत कार्रवाई की जा सके। पुलिस को निर्देश दिया गया है कि नशे में वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त चेकिंग अभियान चलाया जाए और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर तत्काल कार्रवाई हो। महिला सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए प्रमुख बाजारों और कार्यक्रम स्थलों पर महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती बढ़ाई गई है। प्रशासन ने यह भी कहा है कि होटल, रेस्टोरेंट, क्लब और सार्वजनिक आयोजनों में तय समय और नियमों का पालन सुनिश्चित कराया जाए। किसी भी प्रकार के अवैध कार्यक्रम, तेज आवाज में संगीत या कानून-व्यवस्था भंग करने की कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जिलाधिकारियों और पुलिस कप्तानों को अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार गश्त करने और फील्ड में मौजूद रहने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा आपात स्थिति से निपटने के लिए स्वास्थ्य सेवाओं, फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस को भी अलर्ट पर रखा गया है। सरकार का उद्देश्य है कि प्रदेशवासियों को नए साल का जश्न सुरक्षित, शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में मनाने का अवसर मिले। प्रशासन ने आम जनता से भी अपील की है कि वे नियमों का पालन करें, अफवाहों से दूर रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि नया साल खुशहाली और सुरक्षा के साथ शुरू हो सके।



