यूपी में कैरेक्टर सर्टिफिकेट और किरायेदार सत्यापन हुए आसान, योगी सरकार की नई डिजिटल व्यवस्था

उत्तर प्रदेश सरकार ने नागरिक सेवाओं को और अधिक सरल, पारदर्शी और डिजिटल बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में अब प्रदेश में कैरेक्टर सर्टिफिकेट, किरायेदार सत्यापन, घरेलू नौकरों का सत्यापन, ड्राइवर वेरिफिकेशन जैसी अहम सेवाएं पहले से कहीं ज्यादा आसान कर दी गई हैं। पहले इन सेवाओं के लिए लोगों को थाने और सरकारी दफ्तरों के कई चक्कर लगाने पड़ते थे, लेकिन अब इन्हें ऑनलाइन और समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराया जा रहा है। नई व्यवस्था के तहत नागरिक यूपी पुलिस या संबंधित पोर्टल पर जाकर आवेदन कर सकते हैं, जहां से उनकी जानकारी सीधे संबंधित थाने तक पहुंच जाती है। इसके बाद पुलिस द्वारा डिजिटल तरीके से सत्यापन किया जाता है और तय समय के भीतर प्रमाण पत्र जारी कर दिया जाता है। इससे न सिर्फ भ्रष्टाचार पर लगाम लगेगी, बल्कि लोगों का समय और पैसा भी बचेगा। खास तौर पर नौकरी, पासपोर्ट, वीजा, निजी संस्थानों में काम या मकान किराए पर देने जैसी जरूरतों के लिए कैरेक्टर सर्टिफिकेट और किरायेदार सत्यापन बेहद जरूरी होता है। सरकार की इस पहल से आम नागरिकों के साथ-साथ मकान मालिकों, कंपनियों और संस्थानों को भी बड़ी राहत मिलेगी। डिजिटल रिकॉर्ड रहने से सुरक्षा एजेंसियों को भी किसी व्यक्ति की पृष्ठभूमि जांचने में आसानी होगी। योगी सरकार का यह कदम ‘ईज ऑफ लिविंग’ और ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ दोनों को बढ़ावा देने वाला माना जा रहा है। कुल मिलाकर यह व्यवस्था उत्तर प्रदेश को एक स्मार्ट और सुरक्षित राज्य बनाने की दिशा में अहम साबित होगी।



