चंद्रग्रहण 2026: 3 मार्च को श्रीकृष्ण जन्मस्थान और दाऊजी मंदिर रहेंगे बंद, द्वारिकाधीश मंदिर में होंगे दर्शन

इस साल 2026 का पहला चंद्रग्रहण 3 मार्च को आ रहा है, जिसके चलते Shri Krishna Janmasthan और आसपास के प्रमुख मंदिरों में विशेष बंदिशें लागू होंगी। इस दिन श्रीकृष्ण जन्मस्थान के पट बंद रहेंगे और दाऊजी मंदिर भी श्रद्धालुओं के लिए बंद रहेगा। विशेषज्ञों के अनुसार, ग्रहण के दौरान धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं का बहुत सारा जमावड़ा होने की संभावना होती है, इसलिए प्रशासन और मंदिर प्रबंधन ने सुरक्षा और अनुशासन बनाए रखने के लिए यह निर्णय लिया है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार चंद्रग्रहण के समय कुछ विशेष पूजा और अनुष्ठान किए जाते हैं, लेकिन इस अवधि में कुछ मंदिरों के पट बंद रखने का कारण सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण और धार्मिक रीति-रिवाजों का पालन करना बताया गया है। इस मौके पर Dwarkadhish Temple में दर्शन के लिए विशेष व्यवस्था की जाएगी, ताकि भक्त ग्रहण के समय भी श्रीकृष्ण के दर्शन कर सकें। मंदिर प्रशासन ने साफ किया है कि द्वारिकाधीश मंदिर में दर्शन के लिए श्रद्धालुओं को समय का ध्यान रखना होगा और निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है।
श्रीकृष्ण जन्मस्थान और दाऊजी मंदिर के बंद रहने से श्रद्धालुओं को पहले से अपनी यात्रा की योजना में बदलाव करना होगा। यात्रा करने वाले भक्तों को सलाह दी जा रही है कि वे मंदिर खुलने के समय और दर्शन के नियमों की जानकारी पहले से लें। इस दिन विशेष पूजा सामग्री और अनुष्ठान भी ग्रहण के अनुसार ही आयोजित किए जाएंगे।
धार्मिक इतिहास में चंद्रग्रहण को शुभ-अशुभ प्रभावों के दृष्टिकोण से देखा जाता रहा है। इस दौरान श्रद्धालुओं को सलाह दी जाती है कि वे ग्रहण के समय ध्यान, व्रत और मंत्र जाप में समय बिताएं। प्रशासन और मंदिर प्रबंधन ने यह भी सुनिश्चित किया है कि ग्रहण के समय किसी प्रकार की असुविधा न हो और दर्शन के लिए आए भक्त सुरक्षित रहें। इस प्रकार, चंद्रग्रहण 2026 न केवल खगोलीय घटना है बल्कि श्रद्धालुओं के लिए ध्यान, पूजा और दर्शन का महत्वपूर्ण अवसर भी है।



