लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता पर सियासत तेज, जांच की मांग

लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता को लेकर उत्तर प्रदेश में सियासत तेज हो गई है। एक्सप्रेसवे के कुछ हिस्सों में सड़क की खराब स्थिति और मरम्मत की जरूरत को लेकर सवाल उठ रहे हैं। इसी मुद्दे को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर निशाना साधा है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जांच की मांग की है। उनका कहना है कि इतने महत्वपूर्ण और बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट में निर्माण की गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
रिपोर्टों के अनुसार, एक्सप्रेसवे के कुछ हिस्सों में डामर उखड़ने, गिट्टी अलग होने और सड़क के किनारे बने शोल्डर के धंसने जैसी समस्याएं सामने आई हैं। इन स्थितियों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता और मानकों के पालन को लेकर चर्चा बढ़ा दी है।
जांच के दौरान सड़क के नीचे नमी और ड्रेनेज से जुड़ी समस्याओं की भी जानकारी सामने आई है। IIT खड़गपुर की टीम ने एक्सप्रेसवे का निरीक्षण किया है और तकनीकी पहलुओं का अध्ययन कर रिपोर्ट तैयार की जा रही है।
एक्सप्रेसवे की खराब होती स्थिति का असर यातायात और वाहन चालकों की सुरक्षा पर भी पड़ सकता है। विशेषज्ञों ने सड़क की तत्काल मरम्मत और जरूरी स्थानों पर यातायात प्रबंधन को लेकर सुझाव दिए हैं।
अब निगाहें इस बात पर हैं कि सरकार और संबंधित एजेंसियां निर्माण गुणवत्ता को लेकर उठे सवालों पर क्या कार्रवाई करती हैं। यदि जांच में किसी स्तर पर मानकों की अनदेखी सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग भी तेज हो सकती है।



