उत्तर प्रदेशलखनऊ

आठ लाख किसानों के लिए 75 करोड़ रुपये की एक और किश्त जारी

यूपी में बाढ़ और बारिश से प्रभावित किसानों को सरकार ने बड़ी राहत दी है। सरकार अभी तक बारिश से नुकसान झेल रहे आठ लाख 27 हजार 451 किसानों को अभी तक दो अरब 82 करोड़ दो लाख 57858 रुपये दे चुकी है। सरकार ने इसी क्रम में झांसी, सिद्धार्थ नगर, गोरखपुर, देवरिया, बहराइच, अलीगढ़, गाजीपुर, मऊ समेत 48 जिलों के लिए 74 करोड 52 लाख चौरान्बे हजार दो आठ रुपये की एक और किश्त जारी कर दी।

सरकार प्रदेश के अन्‍नदाता किसानों को हर तरह से राहत देने का काम कर रही है। पिछले दिनों बाढ़ व भारी बारिश से किसानों की फसलों को काफी नुकसान पहुंचा था। इसके बाद सरकार ने फसल नुकसान का आंकलन कर किसानों के लिए राहत पैकेज जारी किया था।  सरकार ने शुरुआत में 4,77,581 किसानों को कुल 1,59,28,97,496 रुपये (लगभग 160 करोड़ रुपये) जारी किए थे। सर्वेक्षण के बाद चिन्हित शेष 1,39,863 किसानों को कृषि निवेश अनुदान के वितरण के लिए रू. 48,20,57,668 जारी किया गए थे।

राहत आयक्त की वेबसाइट पर तीन नवम्बर तक 8,27 हजार 451प्रभावित किसानों के लिए दो अरब बयासी करोड़ दो लाख सत्तावन हजार आठ सौ अटठावन की मांग की गई। इसके पहले 48 जनपदों के कुल छह लाख 17444 किसानों को दो अरब सात करोड़ 49 लाख 55164 की धनराशि जारी की जा चुकी है। ऐसे में सरकार ने 74 करोड 52 लाख 94208 रुपये की एक अन्य किश्त भी तीन नवम्बर को जारी कर दी। शासन ने सभी जिलाधिकारियों को धनराशि जारी करने के साथ ही जल्द ही इसके वितरण की व्यवस्था को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

सितम्बर और अक्टूबर की शुरुआत में हुई मूसलाधार बारिश और बाढ़ से करीब 44 जनपदों के किसानों की फसल को काफी नुकसान हुआ था । इसके बाद मुख्‍यमंत्री ने पीडि़त किसानों को तुरंत राहत पहुंचाने के निर्देश अधिकारियों को दिए थे। सरकार ने नुकसान की भरपाई के लिए किसानों को उचित मुआवजा देने का ऐलान किया था। सरकार ने 6 लाख से अधिक किसानों को मुआवजा देने का काम किया है। यह मुआवजा राशि जिला कोषागार से सीधे किसानों के बैंक खाते (डीबीटी) में ट्रांसफर की जा रही है। सरकार राज्य आपदा राहत कोष (एसडीआरएफ) से किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान कर रही है।

पूर्वांचल में हुआ था सबसे अधिक किसानों को नुकसान 

मुख्‍यमंत्री के निर्देश के बाद बाढ़ प्रभावित जिलों में नुकसान के आकलन की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। प्रदेश में बाढ़ और भारी बारिश के कारण फसल के नुकसान के आकलन के लिए सर्वेक्षण के आदेश दिए थे। बाढ़ से पूर्वांचल जिले के किसान सबसे ज्यादा प्रभावित हुए थे । सीएम योगी ने किसानों की समस्याओं को देखते हुए खुद बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा कर स्थिति का जायजा भी लिया था।

Related Articles

Back to top button
65 साल के बुजुर्ग ने की बच्ची से हैवानियत: बहाने से घर बुलाकर किया रेप, चल भी नहीं पा रही थी मासूम अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के लिए 17 से शुरू होगा मुख्य अनुष्ठान, जानिए किस दिन होगा कौन सा पूजन रॉयल एनफील्ड हिमालयन 450 बनाम केटीएम 390 एडवेंचर बनाम बीएमडब्ल्यू जी 310 जीएस: स्पेक्स, कीमत की तुलना देखिए काशी की अद्भुत देव दीपावली: 10 लाख से अधिक पर्यटक पहुंचे, ड्रोन से गंगा घाट की ये तस्वीरें मोह लेंगी