पासपोर्ट विवाद पर शशि थरूर का बड़ा सुझाव, भारतीय नागरिकता साबित करने का बताया स्थायी समाधान

Shashi Tharoor ने पासपोर्ट और नागरिकता से जुड़े हालिया विवाद के बीच भारतीय नागरिकता के प्रमाण को लेकर स्थायी समाधान की आवश्यकता पर जोर दिया है। उनका कहना है कि नागरिकों को बार-बार अलग-अलग दस्तावेजों के जरिए अपनी नागरिकता साबित करने की स्थिति से बचाने के लिए एक स्पष्ट, विश्वसनीय और दीर्घकालिक व्यवस्था विकसित की जानी चाहिए।
थरूर के अनुसार, ऐसी व्यवस्था से आम नागरिकों को प्रशासनिक परेशानियों से राहत मिलेगी और सरकारी प्रक्रियाएं भी अधिक पारदर्शी तथा सरल बनेंगी। उन्होंने कहा कि नागरिकता संबंधी दस्तावेजों को लेकर भ्रम और विवाद की स्थिति कम करने के लिए नीति स्तर पर व्यापक विचार-विमर्श आवश्यक है।
कांग्रेस सांसद ने इस मुद्दे को केवल पासपोर्ट तक सीमित न मानते हुए नागरिकों की पहचान और सरकारी सेवाओं तक उनकी आसान पहुंच से भी जोड़ा। उनका कहना है कि तकनीक और आधुनिक पहचान प्रणालियों का उपयोग कर ऐसी व्यवस्था बनाई जा सकती है, जिससे नागरिकों को बार-बार दस्तावेज प्रस्तुत करने की आवश्यकता न पड़े।
पासपोर्ट और नागरिकता से जुड़े मुद्दों पर समय-समय पर अलग-अलग राजनीतिक दलों की ओर से सुझाव और प्रतिक्रियाएं आती रही हैं। फिलहाल इस विषय पर सरकार की ओर से जो भी नीति संबंधी निर्णय लिए जाएंगे, वे संबंधित कानूनों और प्रशासनिक प्रक्रियाओं के अनुरूप ही लागू होंगे।



