राष्ट्रीय सेवा योजना की स्वयंसेवक छात्राएं सिखा रहीं योग

गोंडा। कोरोना जैसी अभी तक लाइलाज भयावह बीमारी से सिर्फ अपने शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढाकर लड़ा जा सकता है, जिसके लिए प्रतिदिन कम से कम 30 मिनट तक योग व्यायाम जैसे कार्यक्रम कराये जाएं। इस सम्बंध में राष्ट्रीय सेवा योजना के सभी कार्यक्रम अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि एनएसएस के स्वयंसेवकों को लोगों को योग के प्रति जागरूक करने हेतु लगाया जाए।
इसी के अन्तर्गत नारी ज्ञानस्थली कालेज एनएसएस की कार्यक्रमाधिकारी डा. नीलम छाबड़ा के निर्देशन में महाविद्यालय की स्वयं सेविकाओं ने विभिन्न प्रकार के योग के पोस्टर के द्वारा जागरूक किया तथा गावों में जाकर बुजुर्गों को हल्के फुल्के व्यायाम भी सिखा रही हैं। छात्राओं ने कहा कि बुजुर्गों की सेवा करना प्रमुख कार्य है। इसी क्रम में कालेज की मनोविज्ञान विभाग की प्रवक्तायें डा. सीमा श्रीवास्तव डा. साधना गुप्ता कंचन पाण्डेय एवं सरिता पाण्डेय के द्वारा जूप एप के माध्यम से सभी छात्राओं को आनलाइन कांउसलिंग किया गया।
जिसमें बताया गया कि डिप्रेशन से कैसे बचा जाये इसके लिये हमें धैर्य नहीं खोना है। मन को उदास नहीं करना है और अपनी सोच को हमेशा सकारात्मक बनाये रखना है। इस संकट की घड़ी मे ईश्वर की आराधना करनी चाहिये। अपने आपको व्यस्त रखना चाहिये व सभी लोगों को शरीर को स्वस्थ्य रखने के सुझाव भी दिये गये। साथ ही सभी छात्राओं को बताया कि सब लागों को आरोग्य सेतु एप जरूर डाउन लोड करना चाहिये और सरकार के निर्देशों का पालन करते हुये अपने आपको कोरोना जैसी महामारी से बचा सकते है।
महाविद्यालय की प्राचार्या डा. आरती श्रीवास्तव ने बताया कि दिमाग और शरीर के बीच संतुलन बनाकर रखें अपनी सोच को सकारात्मक बनायें सोचें कि यह समय शीघ्र समाप्त हो जायेगा। पुनः हम लोग अपना जीवन सामान्य ढंग से जी सकेंगें भविष्य की योजनाओं को लेकर किताबें पढ़िये और अपना ज्ञान बढ़ाइयें।