भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार, हिमाचल प्रदेश, झारखंड और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों के लिए भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। खासतौर पर पहाड़ी राज्यों में अगले 48 घंटों में तेज बारिश, भूस्खलन और नदियों के जलस्तर में वृद्धि की चेतावनी दी गई है। उत्तराखंड के पौड़ी, टिहरी, चमोली और उत्तरकाशी जिलों में अतिवृष्टि की संभावना को देखते हुए प्रशासन को अलर्ट पर रखा गया है।
उत्तर प्रदेश और बिहार के कई हिस्सों में भी तेज गरज के साथ भारी बारिश की संभावना जताई गई है। पटना, वाराणसी, लखनऊ, प्रयागराज जैसे क्षेत्रों में लगातार बदलते बादलों और तेज हवाओं के साथ मूसलधार बारिश का दौर जारी रह सकता है। इससे निचले इलाकों में जलभराव, बिजली आपूर्ति बाधित होने और ट्रैफिक जाम जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी मौसम ने करवट ली है। हालांकि यहां रेड अलर्ट नहीं जारी किया गया है, लेकिन हल्की से मध्यम बारिश की संभावना बनी हुई है। दिल्ली-एनसीआर में तापमान में गिरावट देखने को मिल सकती है और उमस से कुछ राहत मिलेगी।
मौसम विभाग ने नागरिकों को बिना जरूरत बाहर न निकलने, ऊंचे इलाकों या जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने और प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी है। कई राज्यों में स्कूल बंद रखने, ट्रेनों के रूट बदलने और आपातकालीन सेवाओं को एक्टिव मोड में रखा गया है।
इस रेड अलर्ट के चलते आपदा प्रबंधन दलों को सक्रिय कर दिया गया है। विशेष तौर पर पहाड़ी क्षेत्रों में SDRF की टीमों को तैनात किया गया है, जो भूस्खलन, सड़क बंद होने या बाढ़ जैसी स्थितियों में त्वरित राहत पहुंचाने के लिए तैयार हैं।
देश के विभिन्न हिस्सों में मानसून का यह रूप एक तरफ जहाँ राहत लाता है, वहीं दूसरी ओर अत्यधिक बारिश जनजीवन और बुनियादी ढांचे के लिए चुनौती बन सकता है। ऐसे में प्रशासन और नागरिकों दोनों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।



