बजट सत्र 2026: CM योगी ने मंत्रियों को SIR मुद्दे पर सदन में तैयारी का निर्देश

उत्तर प्रदेश में आगामी बजट सत्र में SIR (Special Investment Region) योजना का मुद्दा जोर-शोर से उठने की संभावना है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंत्रियों से इस विषय पर पूरी तैयारी के साथ सदन में आने का निर्देश दिया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि बजट सत्र केवल वित्तीय आंकड़ों और योजनाओं की समीक्षा का अवसर नहीं है, बल्कि यह प्रदेश में निवेश, विकास और रोजगार सृजन के लिए उठाए गए कदमों पर व्यापक चर्चा का भी समय है। SIR योजना को लेकर विपक्षी दलों की चिंता और सवालों को ध्यान में रखते हुए CM योगी ने मंत्रियों को सदन में ठोस आंकड़ों और योजनाओं के लाभों के साथ प्रस्तुत होने की हिदायत दी है।
मुख्यमंत्री ने मंत्रियों को यह भी कहा कि SIR परियोजना प्रदेश की आर्थिक वृद्धि और औद्योगिक विकास के लिए ऐतिहासिक अवसर प्रदान करती है। इस योजना के तहत निवेशकों को विशेष प्रोत्साहन और सुविधाएं मिलेंगी, जिससे उत्तर प्रदेश में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और राज्य की उत्पादन क्षमता में सुधार होगा। CM योगी ने मंत्रियों को यह याद दिलाया कि सदन में उठने वाले किसी भी सवाल का जवाब तथ्य और आंकड़ों के आधार पर देना बेहद जरूरी है, ताकि विपक्ष और जनता दोनों को स्पष्टता मिल सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि SIR योजना का मुद्दा बजट सत्र में महत्वपूर्ण राजनीतिक और आर्थिक बहस का केंद्र बनेगा। यह केवल उद्योगपतियों और निवेशकों के लिए ही नहीं, बल्कि आम जनता के लिए भी विकास के नए मार्ग खोलने वाला कदम साबित हो सकता है। CM योगी की यह अपील कि मंत्रियों को पूरी तैयारी के साथ सदन में आना चाहिए, यह संकेत देती है कि राज्य सरकार इस योजना को लेकर पूरी तरह से गंभीर और सक्रिय है।
साथ ही, मंत्रियों से कहा गया है कि वे प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में SIR के लाभों और औद्योगिक विकास की संभावनाओं को समझाने के लिए जनता और मीडिया के साथ संवाद भी करें। बजट सत्र में SIR योजना पर चर्चा से न केवल विपक्षी दलों के सवालों का जवाब मिलेगा, बल्कि निवेशकों और उद्योगपतियों के बीच विश्वास भी बढ़ेगा। इस प्रकार, बजट सत्र 2026 उत्तर प्रदेश में विकास और निवेश के लिए एक निर्णायक मोड़ साबित हो सकता है।



