
पाकिस्तान और तालिबान के बीच बढ़ता तनाव अब खुले टकराव का रूप लेता दिखाई दे रहा है। ताजा घटनाक्रम में तालिबान की ओर से यह दावा किया गया है कि उसने पाकिस्तान के दो अहम सैन्य शहरों—रावलपिंडी और क्वेटा—में स्थित सैन्य ठिकानों पर एयरस्ट्राइक की है। हालांकि इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है, लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो और स्थानीय सूत्रों के हवाले से कहा जा रहा है कि इन इलाकों में देर रात तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं। पाकिस्तान की सेना की मीडिया विंग Inter-Services Public Relations की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है, जिससे स्थिति और अधिक रहस्यमय बन गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह दावा सही साबित होता है, तो यह पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था के लिए बड़ा झटका होगा। रावलपिंडी को पाकिस्तान सेना का मुख्यालय माना जाता है, जबकि क्वेटा बलूचिस्तान का सामरिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण शहर है। पिछले कुछ महीनों से Tehrik-i-Taliban Pakistan और पाकिस्तान सरकार के बीच झड़पें तेज हुई हैं। सीमा पार ठिकानों को लेकर दोनों पक्षों में आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी जारी है। तालिबान ने पहले भी पाकिस्तान पर उसके ठिकानों को निशाना बनाने का आरोप लगाया था और जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी थी।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, यदि हालात इसी तरह बिगड़ते रहे तो यह टकराव क्षेत्रीय अस्थिरता को और बढ़ा सकता है। अफगानिस्तान-पाकिस्तान सीमा पर पहले से ही तनावपूर्ण हालात हैं, और ऐसे में किसी भी बड़े सैन्य हमले की पुष्टि पूरे दक्षिण एशिया के लिए चिंता का विषय बन सकती है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें अब इस घटनाक्रम पर टिकी हैं, क्योंकि दोनों देशों के बीच बढ़ता संघर्ष आतंकवाद, शरणार्थी संकट और सीमा सुरक्षा जैसे मुद्दों को और जटिल बना सकता है। फिलहाल सबकी निगाहें पाकिस्तान सरकार और सेना की आधिकारिक प्रतिक्रिया पर टिकी हैं, जो आने वाले दिनों में स्थिति को स्पष्ट कर सकती है।



