‘माला देखकर प्रेग्नेंसी’ के दावे पर एक्सपर्ट ने बताई सच्चाई

हाल ही में एक महिला ने दावा किया कि एक बाबा ने केवल माला देखकर यह कह दिया कि वह गर्भवती है। महिला की यह बात सुनकर स्वास्थ्य विशेषज्ञ भी हैरान रह गईं। हालांकि उन्होंने तुरंत स्पष्ट किया कि गर्भावस्था का पता लगाने के लिए किसी माला, ज्योतिषीय वस्तु या धार्मिक संकेत के बजाय वैज्ञानिक और चिकित्सकीय तरीकों पर ही भरोसा किया जाना चाहिए।
विशेषज्ञों के अनुसार, गर्भावस्था की पुष्टि शरीर में बनने वाले एचसीजी (hCG) हार्मोन की जांच के माध्यम से की जाती है। इसके लिए घर पर किए जाने वाले प्रेग्नेंसी टेस्ट किट, ब्लड टेस्ट या अल्ट्रासाउंड जैसी चिकित्सा प्रक्रियाओं का उपयोग किया जाता है। किसी व्यक्ति की शक्ल, हाथ, माला या अन्य बाहरी चीजों को देखकर वैज्ञानिक रूप से यह नहीं बताया जा सकता कि वह गर्भवती है या नहीं।
डॉक्टरों का कहना है कि कई बार लोगों की सामान्य शारीरिक स्थिति, उम्र या बातचीत के आधार पर अनुमान लगाए जाते हैं, जो संयोगवश सही भी निकल सकते हैं। लेकिन ऐसे अनुमानों को चिकित्सा प्रमाण नहीं माना जा सकता। गर्भावस्था जैसी महत्वपूर्ण स्थिति में केवल प्रमाणित जांच और डॉक्टर की सलाह पर ही भरोसा करना चाहिए।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ लोगों से अपील करते हैं कि वे सोशल मीडिया या लोक मान्यताओं में प्रचलित दावों को बिना जांचे-परखे सच न मानें। यदि किसी महिला को गर्भावस्था की आशंका हो, तो उसे जल्द से जल्द विश्वसनीय मेडिकल जांच करानी चाहिए। सही जानकारी और समय पर जांच न केवल भ्रम दूर करती है, बल्कि मां और शिशु दोनों के स्वास्थ्य के लिए भी बेहद जरूरी होती है।



