
लोकसभा में हाल ही में गृह मंत्री अमित शाह ने जोरदार बयान दिया। उन्होंने कहा कि भारत अब नक्सलवाद से लगभग मुक्त हो चुका है और इस दिशा में सुरक्षा बलों की लगातार कार्रवाई जारी है।
अमित शाह ने स्पष्ट किया कि अब नक्सली हिंसा और आतंकवाद का जवाब नरमी से नहीं बल्कि गोली से दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि भारत की सरकार और सुरक्षा एजेंसियां देश की सुरक्षा और आम नागरिकों की रक्षा में किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं करेंगी।
गृह मंत्री के इस बयान से यह संदेश भी गया कि केंद्र सरकार नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार सख्ती बरत रही है। इससे पहले कई सुरक्षा ऑपरेशन चलाए गए और नक्सलियों की गतिविधियों को कमजोर किया गया।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे बयान न केवल सुरक्षा बलों के मनोबल को बढ़ाते हैं, बल्कि आम नागरिकों और निवेशकों के लिए भी यह सुरक्षा का संदेश देता है कि भारत में कानून और व्यवस्था मजबूत है।
इस बयान के बाद नक्सल प्रभावित राज्यों में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। अधिकारियों ने कहा कि आने वाले समय में नक्सलियों के खिलाफ और भी सख्त ऑपरेशन किए जाएंगे, ताकि देश को पूर्ण रूप से नक्सलवाद से मुक्त किया जा सके।



