विश्व शौचालय दिवस पर CM योगी का संदेश | स्वच्छता ही स्वस्थ और समृद्ध समाज की नींव

विश्व शौचालय दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वच्छता को एक राष्ट्रीय कर्तव्य बताते हुए कहा कि स्वच्छता ही उत्तम स्वास्थ्य, सुदृढ़ समाज और समृद्धि की आधारशिला है। उन्होंने अपने संदेश में स्पष्ट किया कि स्वच्छ भारत का सपना तभी साकार हो सकता है जब हर नागरिक शौचालय के उपयोग के प्रति जागरूक हो और इसे अपनी दैनिक आदत का हिस्सा बनाए। CM योगी ने कहा कि स्वच्छता केवल सरकारी योजनाओं का विषय नहीं है, बल्कि यह एक बड़ा सामाजिक आंदोलन है, जिसमें प्रत्येक नागरिक की भागीदारी आवश्यक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विश्व शौचालय दिवस हमें यह याद दिलाता है कि स्वच्छ और सुरक्षित शौचालय न केवल स्वास्थ्य संरक्षण का साधन है, बल्कि एक सम्मानजनक जीवन जीने का अधिकार भी है। उन्होंने कहा कि “स्वच्छ भारत ही स्वस्थ भारत का सशक्त आधार है” और जब तक समाज में खुले में शौच की प्रथा पूरी तरह समाप्त नहीं होती, तब तक स्वच्छता अभियान का उद्देश्य पूर्ण नहीं माना जा सकता। योगी आदित्यनाथ ने जनता से अपील की कि वे शौचालय के उपयोग को जन-जागरूकता का एक बड़ा अभियान बनाएं और घर-घर स्वच्छता के महत्व को फैलाएं।
उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र और राज्य सरकार ने मिलकर गांवों और शहरों में शौचालय निर्माण के माध्यम से करोड़ों लोगों को बेहतर जीवन और स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदान की है। लेकिन इन सुविधाओं का वास्तविक लाभ तभी मिलेगा जब लोग उनका निरंतर उपयोग करें, उन्हें साफ रखें और दूसरों को भी प्रेरित करें। CM योगी ने इस बात पर बल दिया कि स्वच्छता केवल बाहर की सफाई तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मन, घर, समाज और विचारों की पवित्रता से भी संबंधित है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अब समय है कि स्वच्छता को ‘राष्ट्रीय संस्कार’ के रूप में अपनाया जाए। यदि हर नागरिक प्रतिदिन स्वच्छता को अपनी आदत बना ले तो न केवल बीमारियों पर नियंत्रण होगा, बल्कि समाज अधिक स्वस्थ, सुरक्षित और प्रगतिशील बनेगा। उन्होंने अंत में सभी से आग्रह किया— “आइए, हम सब मिलकर इस आंदोलन में शामिल हों और स्वच्छ रहें, स्वस्थ रहें, तथा स्वच्छ भारत के निर्माण में अपना योगदान दें।”



