
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज से टेलीफोन पर बातचीत कर द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने पर जोर दिया। इस बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने ऊर्जा सहयोग, व्यापार, निवेश, फार्मा सेक्टर, खाद्य सुरक्षा और वैश्विक मुद्दों पर अपने-अपने विचार साझा किए। पीएम मोदी ने कहा कि भारत और वेनेजुएला के बीच ऐतिहासिक रूप से मैत्रीपूर्ण संबंध रहे हैं और आने वाले समय में इन रिश्तों को और गहराई देने की अपार संभावनाएं हैं।
ऊर्जा क्षेत्र पर चर्चा करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने वेनेजुएला के तेल और गैस संसाधनों को भारत की ऊर्जा सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि भारत स्वच्छ ऊर्जा के साथ-साथ पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों में भी संतुलन बनाकर आगे बढ़ रहा है, जिसमें वेनेजुएला एक भरोसेमंद साझेदार बन सकता है। इस पर राष्ट्रपति रोड्रिगेज ने भी भारत के साथ ऊर्जा सहयोग बढ़ाने की इच्छा जताई और निवेश के नए अवसरों पर चर्चा की।
व्यापार और निवेश के मुद्दे पर दोनों नेताओं ने माना कि द्विपक्षीय व्यापार को मौजूदा स्तर से आगे बढ़ाने की जरूरत है। फार्मास्यूटिकल्स, आईटी, कृषि और खाद्य प्रसंस्करण जैसे क्षेत्रों में सहयोग की संभावनाओं पर विस्तार से बात हुई। पीएम मोदी ने वेनेजुएला को भारत की सस्ती और गुणवत्तापूर्ण दवाओं की आपूर्ति का भरोसा दिलाया, जिससे वहां की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूती मिल सकती है।
इसके अलावा वैश्विक मंचों पर सहयोग को लेकर भी सहमति बनी। दोनों नेताओं ने संयुक्त राष्ट्र समेत अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं में विकासशील देशों की आवाज को मजबूत करने पर जोर दिया। पीएम मोदी ने ‘ग्लोबल साउथ’ के हितों की रक्षा को भारत की प्राथमिकता बताया और कहा कि वेनेजुएला जैसे देशों के साथ मिलकर साझा चुनौतियों का समाधान निकाला जा सकता है।
बातचीत के अंत में पीएम मोदी ने वेनेजुएला की जनता के प्रति शुभकामनाएं व्यक्त कीं और राष्ट्रपति रोड्रिगेज को भारत आने का निमंत्रण भी दिया। यह संवाद भारत–वेनेजुएला संबंधों को नई गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे दोनों देशों के बीच रणनीतिक और आर्थिक सहयोग और मजबूत हो सकता है।



