
Brown Sugar और White Sugar के बीच स्वास्थ्य संबंधी अंतर को लेकर अक्सर भ्रम रहता है। फ्रेंच बायोकेमिस्ट के अनुसार, दोनों ही चीनी मुख्य रूप से सूक्रोज़ होती हैं और शरीर पर उनका प्रभाव लगभग समान ही होता है।
ब्राउन शुगर में केवल थोड़ी मात्रा में मिनरल्स और मोलासिस (molasses) मौजूद होती है, लेकिन यह स्वास्थ्य पर उल्लेखनीय असर नहीं डालती। सफेद चीनी से इसका कैलोरी या ग्लाइसेमिक इंडेक्स में बड़ा अंतर नहीं है।
विशेषज्ञों का मानना है कि चाहे ब्राउन हो या सफेद, चीनी का सेवन संयम में ही करना चाहिए। ज्यादा मात्रा में दोनों ही प्रकार की चीनी स्वास्थ्य समस्याओं जैसे मोटापा, डायबिटीज और हृदय रोग का कारण बन सकती हैं।
इसलिए स्वास्थ्य के लिहाज से यह कहना कि ब्राउन शुगर “साफ और हेल्दी” है, केवल एक मिथक है और वैज्ञानिक आधार पर दोनों का प्रभाव लगभग समान माना जाता है।



