धर्म-आस्था
अधिक मास 2026: 17 मई से शुरू, क्या करें और क्या न करें


अधिक मास 2026 में 17 मई से शुरू होकर लगभग एक महीने तक चलेगा। इसे पुरुषोत्तम मास भी कहा जाता है और इस दौरान धार्मिक कार्यों का विशेष महत्व होता है। मान्यता है कि यह समय साधना, भक्ति और आत्मशुद्धि के लिए अत्यंत शुभ होता है।
इस महीने में भगवान विष्णु की पूजा, दान-पुण्य, व्रत और मंत्र जाप करना अत्यंत लाभकारी माना जाता है। तुलसी पूजा, गीता पाठ और जरूरतमंदों की सहायता करने से पुण्य फल बढ़ता है।
वहीं इस अवधि में नए शुभ कार्य जैसे विवाह, गृह प्रवेश, नया व्यापार शुरू करना आदि करने से बचने की सलाह दी जाती है। शास्त्रों के अनुसार यह समय सांसारिक कार्यों से अधिक आध्यात्मिक उन्नति के लिए समर्पित होना चाहिए। संयम, सादगी और भक्ति इस महीने का मुख्य संदेश माना जाता है।