धर्म-आस्था
Guru Pradosh Vrat May 2026: सही डेट, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि


मई 2026 का अंतिम गुरु प्रदोष व्रत भगवान शिव को समर्पित एक महत्वपूर्ण व्रत माना जाता है, जो भक्तों के लिए विशेष फलदायी होता है। इस दिन व्रत और पूजा करने से सुख-समृद्धि और मनोकामनाओं की पूर्ति का आशीर्वाद प्राप्त होता है।
Guru Pradosh Vrat हिंदू पंचांग के अनुसार हर माह के त्रयोदशी तिथि को मनाया जाता है, जो भगवान शिव और माता पार्वती की कृपा प्राप्त करने का उत्तम समय माना जाता है।
इस दिन प्रदोष काल में पूजा का विशेष महत्व होता है। भक्त शिवलिंग का जल, दूध, बेलपत्र और धतूरा से अभिषेक करते हैं और “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जाप करते हैं।
मान्यता है कि इस व्रत को विधि-विधान से करने पर जीवन में सकारात्मक ऊर्जा, शांति और समृद्धि आती है। इसलिए भक्त इस दिन विशेष रूप से पूजा-अर्चना और व्रत का पालन करते हैं।