लखनऊ: सुशांत गोल्फ सिटी में सोसायटी चुनाव के दौरान मारपीट, हत्या के प्रयास का आरोप

लखनऊ: राजधानी लखनऊ के सुशांत गोल्फ सिटी क्षेत्र स्थित अवध बिहार योजना के गंगोत्री इन्क्लेव में सोसायटी चुनाव के दौरान विवाद का मामला सामने आया है। तुषार गर्ग ने सोसायटी के कुछ सदस्यों पर गाली-गलौज करने, मारपीट करने और गला दबाकर जान से मारने की कोशिश करने का आरोप लगाया है। पीड़ित के अनुसार, घटना के समय डिप्टी रजिस्ट्रार और निर्वाचन अधिकारी अविनाश कुमार सिंह समेत अन्य लोग मौजूद थे।
18 अक्टूबर को चुनाव प्रक्रिया के दौरान हुआ विवाद
तुषार गर्ग के मुताबिक, 18 अक्टूबर को गंगोत्री इन्क्लेव में सोसायटी चुनाव की प्रक्रिया चल रही थी। इसी दौरान सुभाष पांडेय, राजीव सिंह, बृजेश पांडेय, राकेश कुमार, राजीव दुबे और राजेश सिंह समेत कुछ अन्य लोगों पर हंगामा करने और उनके साथ अभद्रता करने का आरोप लगाया गया है।
शिकायतकर्ता का दावा है कि चुनाव प्रक्रिया को निरस्त कराने के उद्देश्य से विवाद किया गया। विरोध करने पर उनके साथ मारपीट की गई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि और पुलिस जांच के निष्कर्ष सामने आना बाकी है।
गला दबाकर जान से मारने की कोशिश का आरोप
तुषार गर्ग ने आरोप लगाया कि विवाद के दौरान सुभाष पांडेय ने उनका गला दबाकर जान से मारने की कोशिश की। उनका कहना है कि उन्हें जमीन पर पटक दिया गया और वहां मौजूद लोगों की मदद से उनकी जान बच सकी।
शिकायत में आंख और सिर में चोट लगने के साथ गले पर दबाव के निशान पड़ने की बात भी कही गई है। पीड़ित ने चोट के कारण उल्टियां होने का भी दावा किया है।
पुलिस की आपातकालीन सेवा 112 पर दी सूचना
पीड़ित के अनुसार, घटना की सूचना पुलिस की आपातकालीन सेवा 112 पर दी गई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके बाद भी कथित रूप से गाली-गलौज और धमकी देने की घटनाएं हुईं। महिलाओं और बच्चों के सामने अभद्र भाषा के इस्तेमाल का भी आरोप लगाया गया है।
तुषार गर्ग ने यह भी दावा किया कि घटना का वीडियो बनाने के दौरान राजीव सिंह और राजीव दुबे ने उनका मोबाइल छीनने की कोशिश की।
चुनाव प्रक्रिया प्रभावित होने का दावा
शिकायतकर्ता का कहना है कि विवाद के कारण सोसायटी चुनाव के दौरान भय का माहौल बन गया और कई मतदाता वहां से चले गए। उन्होंने डिप्टी रजिस्ट्रार के कार्यालय में लगे कैमरों की रिकॉर्डिंग को संभावित साक्ष्य बताते हुए उसकी जांच कराने की मांग की है।
पुलिस जांच और कार्रवाई की मांग
तुषार गर्ग ने संबंधित लोगों के खिलाफ जांच कर कार्रवाई करने की मांग की है। फिलहाल, मामले में लगाए गए आरोपों को जांच के आधार पर ही प्रमाणित माना जा सकता है। घटना के संबंध में पुलिस की आधिकारिक कार्रवाई और जांच के नतीजों की पुष्टि होना बाकी है।
नोट: यह समाचार शिकायतकर्ता की ओर से लगाए गए आरोपों पर आधारित है। आरोपों की सत्यता जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर तय होगी।



