लाइलाज स्मार्ट प्रीपेड मीटर, IT विशेषज्ञ जांच की मांग

देश के कई हिस्सों में स्मार्ट प्रीपेड मीटर अब लाइलाज हो चुके हैं। उपभोक्ताओं ने शिकायत की है कि मीटर बार-बार फ्रीज हो जाते हैं या गलत रीडिंग दिखा रहे हैं। इन तकनीकी गड़बड़ियों से बिजली बिलिंग और उपयोग में भारी दिक्कतें पैदा हो रही हैं।
इस मुद्दे को देखते हुए अब मांग उठ रही है कि तकनीकी जांच सिर्फ विद्युत विभाग तक सीमित न रहे, बल्कि IT विशेषज्ञों से करवाई जाए। उनका कहना है कि स्मार्ट मीटर की सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर दोनों स्तर पर जाँच होना जरूरी है।
विशेषज्ञों के अनुसार, मीटर में सॉफ्टवेयर बग, नेटवर्क कनेक्टिविटी की समस्या या हार्डवेयर फॉल्ट की वजह से यह लाइलाज हो रहे हैं। IT विशेषज्ञों की जांच से समस्या की जड़ तक पहुंचना और सही समाधान देना आसान होगा।
उपभोक्ताओं का मानना है कि अगर तकनीकी जांच समय पर नहीं हुई, तो न केवल बिजली की सही रीडिंग प्रभावित होगी बल्कि बिलिंग विवाद भी बढ़ेंगे। इसलिए अधिकारियों से अपील की जा रही है कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर की समस्या का जल्द समाधान कराया जाए।



