One Nation One Election: JPC अध्यक्ष बोले- यह राजनीतिक एजेंडा नहीं, राष्ट्रहित का विषय

‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ के प्रस्ताव पर संयुक्त संसदीय समिति (JPC) का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। समिति के अध्यक्ष ने कहा है कि यह किसी राजनीतिक दल का एजेंडा नहीं, बल्कि राष्ट्रहित से जुड़ा एक महत्वपूर्ण विषय है, जिस पर व्यापक स्तर पर विचार किया जा रहा है।
समिति विभिन्न पक्षों, विशेषज्ञों और संबंधित हितधारकों के सुझावों का अध्ययन कर रही है। इसका उद्देश्य प्रस्ताव के संवैधानिक, कानूनी और प्रशासनिक पहलुओं का विस्तृत मूल्यांकन करना है, ताकि सभी पक्षों को ध्यान में रखकर आगे की प्रक्रिया तय की जा सके।
‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ की अवधारणा के तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं के चुनाव एक साथ कराने का विचार रखा गया है। समर्थकों का मानना है कि इससे चुनावी खर्च और प्रशासनिक संसाधनों पर दबाव कम हो सकता है, जबकि आलोचकों ने इसके संघीय ढांचे, संवैधानिक व्यवस्था और व्यावहारिक चुनौतियों पर सवाल उठाए हैं।
समिति के अध्यक्ष ने कहा कि इस विषय को राजनीतिक नजरिए से नहीं, बल्कि राष्ट्रीय हित और सुशासन के दृष्टिकोण से देखा जाना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि समिति सभी प्राप्त सुझावों और आपत्तियों पर गंभीरता से विचार कर रही है।
अंतिम निर्णय संवैधानिक प्रक्रिया और संसद में होने वाली चर्चा के बाद ही लिया जाएगा। फिलहाल समिति का कार्य विभिन्न पहलुओं का अध्ययन कर अपनी रिपोर्ट तैयार करना है।
‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ पर बहस लंबे समय से जारी है और इसे लेकर अलग-अलग राजनीतिक दलों तथा विशेषज्ञों की राय भी अलग-अलग रही है। ऐसे में समिति की रिपोर्ट आगे की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।



