
स्विट्जरलैंड में हुए भीषण हादसे ने पूरे देश ही नहीं, बल्कि दुनिया भर को झकझोर कर रख दिया है। इस दर्दनाक घटना में 40 लोगों की मौत के बाद अब उस बार के मालिक ने पहली बार अपनी चुप्पी तोड़ी है, जहां हादसे से पहले कई लोग मौजूद थे। बार मालिक ने कहा कि जिस दिन यह घटना हुई, उसके बाद से उनकी जिंदगी पूरी तरह बदल गई है। उन्होंने भावुक होते हुए बताया, “हम खाना-सोना सब भूल गए हैं। हर वक्त वही मंजर आंखों के सामने घूमता रहता है।” उनके अनुसार, हादसे की खबर मिलते ही पूरे स्टाफ में अफरा-तफरी मच गई थी और किसी को समझ नहीं आ रहा था कि क्या किया जाए। बार मालिक ने कहा कि कई पीड़ित उनके नियमित ग्राहक थे, जिन्हें वह नाम से जानते थे और जिनके साथ उनका पारिवारिक जैसा रिश्ता बन गया था। ऐसे में अचानक 40 लोगों की मौत की खबर ने उन्हें अंदर से तोड़ दिया। उन्होंने बताया कि घटना के बाद से बार को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है और सभी कर्मचारी मानसिक सदमे में हैं। कुछ कर्मचारी तो इतने डर गए कि वे काम पर लौटने की हिम्मत भी नहीं जुटा पा रहे हैं। बार मालिक ने प्रशासन और राहत एजेंसियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने घायलों की मदद के लिए हर संभव कदम उठाया, लेकिन इस तरह की त्रासदी की भरपाई कभी नहीं की जा सकती। उन्होंने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए कहा कि उनका दुख शब्दों में बयां करना मुश्किल है। साथ ही उन्होंने यह भी साफ किया कि जांच में पूरा सहयोग किया जाएगा और अगर किसी भी स्तर पर लापरवाही सामने आती है, तो जिम्मेदारी से भागा नहीं जाएगा। इस हादसे ने स्विट्जरलैंड में सुरक्षा मानकों और आपातकालीन व्यवस्थाओं पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोग और पीड़ितों के परिजन जवाब चाहते हैं कि आखिर इतनी बड़ी त्रासदी कैसे हुई। फिलहाल जांच जारी है और देशभर में शोक का माहौल है। इस घटना ने एक बार फिर यह एहसास करा दिया है कि एक पल में जिंदगी किस तरह बदल सकती है और खुशियों से भरी जगहें भी अचानक मातम में बदल सकती हैं।



