Kalashtami 2026: कालाष्टमी पर करें ये गुप्त उपाय, नजर दोष और नकारात्मक ऊर्जा से मिलेगी मुक्ति

कालाष्टमी हिंदू धर्म में भगवान काल भैरव को समर्पित एक अत्यंत महत्वपूर्ण तिथि मानी जाती है। हर महीने कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कालाष्टमी मनाई जाती है, लेकिन कुछ विशेष कालाष्टमी को बहुत अधिक प्रभावशाली माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन भगवान काल भैरव की पूजा करने से जीवन में आने वाली बाधाएं दूर होती हैं और नकारात्मक शक्तियों से रक्षा होती है। खासकर नजर दोष या बुरी नजर से परेशान लोगों के लिए कालाष्टमी का दिन बहुत शुभ माना जाता है। इस दिन किए गए कुछ गुप्त और सरल उपाय व्यक्ति को नजर दोष से राहत दिलाने में सहायक माने जाते हैं।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, यदि किसी व्यक्ति को बार-बार नजर लग जाती है, काम बिगड़ते रहते हैं या अचानक परेशानियां बढ़ने लगती हैं, तो कालाष्टमी के दिन कुछ विशेष उपाय करने चाहिए। सबसे पहला उपाय यह है कि इस दिन सुबह स्नान के बाद भगवान काल भैरव की विधिवत पूजा करें। उन्हें सरसों का तेल, काले तिल, काली उड़द और नारियल अर्पित करना शुभ माना जाता है। इसके साथ ही काल भैरव चालीसा या मंत्रों का जाप करने से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और मानसिक शांति मिलती है।
नजर दोष से बचने के लिए कालाष्टमी की रात एक खास उपाय भी बताया जाता है। रात के समय सात साबुत लाल मिर्च, थोड़ा सा नमक और सरसों के दाने लेकर उस व्यक्ति के सिर के ऊपर से सात बार उतार लें जिसे नजर लगी हो। इसके बाद इन चीजों को आग में जला दें या घर से बाहर फेंक दें। ऐसा करने से बुरी नजर का प्रभाव कम होने लगता है। कई लोग इस दिन काले कुत्ते को रोटी या मीठी रोटी खिलाने का भी उपाय करते हैं, क्योंकि काला कुत्ता भगवान काल भैरव का वाहन माना जाता है। यह उपाय भी नकारात्मक शक्तियों को दूर करने में सहायक माना जाता है।
इसके अलावा कालाष्टमी के दिन घर के मुख्य दरवाजे पर सरसों के तेल का दीपक जलाना भी शुभ माना जाता है। इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश होता है और बुरी शक्तियां दूर रहती हैं। जो लोग लगातार नजर दोष से परेशान रहते हैं, उन्हें इस दिन काले धागे में सात गांठ लगाकर हाथ या पैर में बांधने की भी सलाह दी जाती है।
कुल मिलाकर कालाष्टमी का दिन आध्यात्मिक दृष्टि से बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। इस दिन श्रद्धा और विश्वास के साथ भगवान काल भैरव की पूजा करने और बताए गए उपायों को अपनाने से व्यक्ति को नजर दोष, नकारात्मक ऊर्जा और जीवन की कई परेशानियों से राहत मिल सकती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सच्चे मन से किए गए ये उपाय व्यक्ति के जीवन में सुख, शांति और सुरक्षा का मार्ग प्रशस्त करते हैं।



