


ऊर्जा संकट और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में अस्थिरता के बीच प्रधानमंत्री Narendra Modi के UAE, नीदरलैंड, स्वीडन, नॉर्वे और इटली दौरे को लेकर विदेश मंत्रालय (MEA) ने स्पष्ट किया है कि यह यात्रा भारत की ऊर्जा सुरक्षा और रणनीतिक साझेदारियों को मजबूत करने के उद्देश्य से बेहद महत्वपूर्ण है।
MEA के अनुसार, इस दौरे का मुख्य फोकस ऊर्जा सहयोग, नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं, निवेश और तकनीकी साझेदारी को बढ़ाना है। यूरोप और खाड़ी देशों के साथ भारत की बढ़ती ऊर्जा जरूरतों को देखते हुए यह कूटनीतिक दौरा लंबे समय की ऊर्जा रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों में ऊर्जा संसाधनों की उपलब्धता और कीमतों में उतार-चढ़ाव को देखते हुए भारत का यह कदम भविष्य की स्थिरता और आर्थिक सुरक्षा के लिए अहम साबित हो सकता है।