
कर्नाटक की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। डीके शिवकुमार सरकार के कैबिनेट विस्तार में 12 नए चेहरों को मंत्री पद की जिम्मेदारी दी गई है। इस विस्तार के जरिए सरकार ने क्षेत्रीय और राजनीतिक संतुलन साधने की कोशिश की है।
नए मंत्रियों में कई ऐसे चेहरे शामिल हैं, जिन्हें पहली बार कैबिनेट में जगह मिली है। वहीं, गायत्री शांतेगौड़ा को मंत्रिमंडल में शामिल किया गया है और वह इस कैबिनेट में एकमात्र महिला मंत्री बनी हैं।
कैबिनेट विस्तार को आगामी राजनीतिक रणनीति के लिहाज से अहम माना जा रहा है। नए मंत्रियों को शामिल करने के पीछे संगठन को मजबूत करने और अलग-अलग क्षेत्रों को प्रतिनिधित्व देने का उद्देश्य बताया जा रहा है।
डीके शिवकुमार के नेतृत्व वाली सरकार के सामने विकास कार्यों को गति देने और जनता से किए गए वादों को पूरा करने की चुनौती है। नए मंत्रियों से अपने-अपने विभागों में बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है।
कर्नाटक की राजनीति में यह कैबिनेट विस्तार आने वाले समय में सरकार की कार्यशैली और राजनीतिक दिशा को प्रभावित कर सकता है।



