गर्व की बात: 71वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में ‘सैम बहादुर’ की धूम, फातिमा सना शेख ने जताई खुशी

71वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में इस बार कई फिल्मों ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है, लेकिन जिस फिल्म ने खासतौर पर लोगों का ध्यान खींचा, वह है ‘सैम बहादुर’। इस फिल्म ने जहां क्रिटिक्स का दिल जीता, वहीं अब यह राष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी पहचान बना चुकी है। फिल्म को 71वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में विशेष सम्मान मिला है, और इसी के साथ इससे जुड़े कलाकारों और निर्माताओं की खुशी का ठिकाना नहीं रहा।
इस मौके पर फिल्म में इंदिरा गांधी की भूमिका निभाने वाली अभिनेत्री फातिमा सना शेख ने अपनी खुशी सोशल मीडिया पर जाहिर की। उन्होंने कहा कि, “यह गर्व का क्षण है। सैम मानेकशॉ जैसे वीर सपूत की कहानी का हिस्सा बनना अपने आप में एक सौभाग्य है। यह पुरस्कार पूरी टीम की मेहनत का नतीजा है।”
फातिमा ने आगे यह भी बताया कि इस फिल्म की शूटिंग के दौरान उन्होंने देश के इतिहास, सेना की संस्कृति और इंदिरा गांधी जैसे किरदार की गहराई को बहुत करीब से महसूस किया। उन्होंने इस फिल्म को अपने करियर की सबसे चुनौतीपूर्ण लेकिन प्रेरणादायक भूमिका बताया।
‘सैम बहादुर’, जो भारत के पहले फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ की जीवनगाथा पर आधारित है, ने न सिर्फ दर्शकों के दिलों में जगह बनाई, बल्कि आलोचकों से भी खूब सराहना पाई। फिल्म में विक्की कौशल ने सैम मानेकशॉ का किरदार निभाया था, जिसे दर्शकों ने खूब सराहा।
फिल्म को बेस्ट बायोपिक सहित कुछ अन्य श्रेणियों में भी सम्मान मिला है, जिससे यह साबित हो गया कि कंटेंट-आधारित सिनेमा को अब सही मंच और मान्यता मिल रही है।
फातिमा सना शेख के साथ-साथ पूरी फिल्म इंडस्ट्री और फैंस ने भी इस उपलब्धि पर टीम को बधाई दी है। यह फिल्म आने वाली पीढ़ियों को न सिर्फ प्रेरणा देती है, बल्कि भारतीय सेना के गौरवशाली इतिहास को भी यादगार ढंग से पेश करती है।



