उत्तर प्रदेशबड़ी खबर

योगी सरकार में परिषदीय शिक्षा की गुणवत्ता को नई गति, शिक्षक संकुल बैठकों से संवरेगा शिक्षण

शिक्षक संकुल बैठकों को प्रभावी, सहभागितापूर्ण और परिणामोन्मुख बनाने पर जोर

लखनऊ, 21 अक्टूबर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार परिषदीय विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता को सुदृढ़ करने और विद्यार्थियों के सीखने के स्तर में सुधार के लिए शिक्षकों की क्षमता संवर्धन पर विशेष जोर दे रही है। इसी क्रम में न्याय पंचायत स्तर पर आयोजित होने वाली शिक्षक संकुल की मासिक बैठकों को अधिक प्रभावी, सहभागितापूर्ण और परिणामोन्मुख बनाने के निर्देश दिए गए हैं। अपर मुख्य सचिव, बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा पार्थ सारथी सेन शर्मा द्वारा जारी निर्देश में बताया गया है कि इन बैठकों के माध्यम से शिक्षक अपने नवाचारों, उत्कृष्ट शिक्षण पद्धतियों और सफल शैक्षिक प्रयोगों को साझा कर सकेंगे। इससे विद्यालयों में बेहतर शिक्षण वातावरण विकसित करने, निपुण लक्ष्यों की प्राप्ति और बच्चों में तार्किक एवं विश्लेषणात्मक सोच को प्रोत्साहित करने के प्रयासों को मजबूती मिलेगी।

शिक्षक संकुल बैठकों का उद्देश्य शिक्षकों की क्षमता को विकसित करना और विद्यालयों में अपनाई जा रही प्रभावी शिक्षण पद्धतियों को व्यापक स्तर पर साझा करना है। बैठकों में शिक्षण संबंधी चुनौतियों के समाधान, शिक्षण-अधिगम सामग्री के प्रभावी उपयोग और नए शैक्षिक प्रयोगों पर चर्चा की जाएगी। शिक्षकों को रोटेशन के आधार पर अपने नवाचार और अनुभव प्रस्तुत करने का अवसर मिलेगा। इससे शिक्षक एक-दूसरे के सफल प्रयासों से सीख सकेंगे और विद्यालयों में शिक्षण की गुणवत्ता को निरंतर बेहतर बनाने में योगदान देंगे।

निर्धारित एजेंडे के अनुसार होंगी मासिक बैठकें
पार्थ सारथी सेन शर्मा ने बताया कि प्रत्येक माह के तीसरे मंगलवार को अवकाश होने की स्थिति में अगले कार्यदिवस पर शिक्षक संकुल की बैठक निर्धारित एजेंडे के अनुसार आयोजित की जाएगी। एक अप्रैल से 30 सितंबर तक बैठक का समय दोपहर 12 बजे से अपराह्न दो बजे तक तथा एक अक्टूबर से 31 मार्च तक अपराह्न एक बजे से तीन बजे तक निर्धारित किया गया है। प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्तर के शिक्षकों के लिए अलग-अलग बैठकें आयोजित की जाएंगी, ताकि संबंधित कक्षाओं की शिक्षण आवश्यकताओं और शैक्षिक लक्ष्यों पर केंद्रित चर्चा हो सके।

बच्चों में विकसित होंगे तार्किक और चिंतन कौशल
अपर मुख्य सचिव के निर्देश में कहा गया है कि बैठकों में उच्च स्तरीय चिंतन कौशल (HOTS) को कक्षा-शिक्षण में प्रभावी ढंग से लागू करने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। शिक्षकों को बच्चों में ‘क्या’ और ‘कब’ जैसे प्रश्नों के साथ ‘कैसे’ और ‘क्यों’ आधारित प्रश्न पूछने की प्रवृत्ति विकसित करने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इससे विद्यार्थियों की विश्लेषणात्मक सोच, तार्किक क्षमता और समस्या-समाधान कौशल को बढ़ावा मिलेगा। पाठ योजनाओं में समूह चर्चा, वाद-विवाद और समस्या आधारित गतिविधियों को शामिल करने पर भी जोर दिया गया है, जिससे बच्चे विषयों को समझने और अपने विचार व्यक्त करने में अधिक सक्षम बन सकें।

निपुण लक्ष्य की प्राप्ति के लिए होगी नियमित समीक्षा
एसीएस पार्थ सारथी सेन शर्मा ने बताया कि प्रत्येक शिक्षक संकुल बैठक में आगामी माह के लिए स्पष्ट एवं मापनीय शैक्षिक लक्ष्य निर्धारित किए जाएंगे। बैठकों में विद्यार्थियों की शैक्षिक प्रगति, निपुण लक्ष्यों की प्राप्ति और प्रभावी शिक्षण रणनीतियों पर चर्चा की जाएगी। साथ ही, सफल शैक्षिक प्रयोगों और सामुदायिक सहभागिता के प्रयासों को साझा किया जाएगा, ताकि उपयोगी अनुभवों को अन्य विद्यालयों में भी अपनाया जा सके। उन्होंने सभी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शिक्षक संकुल बैठकों का नियमित और गुणवत्तापूर्ण आयोजन सुनिश्चित किया जाए। संबंधित शैक्षिक अधिकारियों की सहभागिता, बैठक की तैयारी और निर्धारित एजेंडे के अनुरूप चर्चा के माध्यम से इन बैठकों को शिक्षकों के पेशेवर विकास तथा विद्यालयों में शैक्षिक सुधार का प्रभावी मंच बनाया जाए।

Computer Jagat 24

Founded in 2018, Computer Jagat24 has quickly emerged as a leading news source based in Lucknow, Uttar Pradesh. Our mission is to inspire, educate, and outfit our readers for a lifetime of adventure and stewardship, reflecting our commitment to providing comprehensive and reliable news coverage.

संबंधित समाचार

Back to top button