
फ्रांस के मशहूर पर्वतीय क्षेत्र फ्रेंच आल्प्स में स्थित सबसे ऊंचे गांव में रविवार को भीषण हिमस्खलन ने भारी तबाही मचा दी। ताजा जानकारी के मुताबिक बर्फ की तेज रफ्तार दीवार में दबकर दो विदेशी पर्यटकों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोग घायल बताए जा रहे हैं। अधिकारियों ने आशंका जताई है कि इलाके में लगातार बदलते मौसम और भारी बर्फबारी के कारण एवलांच का खतरा पहले से बढ़ा हुआ था। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में अलर्ट जारी कर दिया गया है और पर्यटकों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है।
स्थानीय प्रशासन, पर्वत बचाव दल और हेलीकॉप्टर की मदद से राहत और बचाव अभियान तेजी से चलाया जा रहा है। रेस्क्यू टीम बर्फ में दबे लोगों को खोजने के लिए स्निफर डॉग्स और विशेष उपकरणों का सहारा ले रही है। कई सड़कों को एहतियातन बंद कर दिया गया है ताकि किसी और हादसे को रोका जा सके। घायलों को पास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां कुछ की हालत गंभीर बनी हुई है।
अधिकारियों का कहना है कि इस सीजन में अब तक हिमस्खलन की अलग-अलग घटनाओं में करीब 20 लोगों की जान जा चुकी है, जो चिंता का विषय है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी ऊंचाई वाले इलाकों में और बर्फ गिरने की संभावना जताई है। विशेषज्ञों का मानना है कि तापमान में अचानक बदलाव और तेज हवाएं बर्फ की परतों को अस्थिर कर देती हैं, जिससे एवलांच का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।
घटना के बाद फ्रांस सरकार ने मृतकों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और स्थानीय प्रशासन को हर संभव सहायता देने का आश्वासन दिया है। पर्यटकों से अपील की गई है कि वे बिना जरूरी सुरक्षा उपकरण और गाइड के ऊंचाई वाले संवेदनशील इलाकों में न जाएं। साथ ही स्कीइंग और ट्रैकिंग करने वालों को जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने को कहा गया है।
फिलहाल बचाव दल का अभियान जारी है और प्रशासन को उम्मीद है कि समय रहते अधिक से अधिक लोगों को सुरक्षित निकाला जा सकेगा। बर्फीली वादियों की खूबसूरती के बीच आई यह त्रासदी एक बार फिर याद दिलाती है कि पहाड़ों में प्रकृति का मिजाज कब बदल जाए, कहना मुश्किल है।



