किसानों के सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम, बाराबंकी में शुरू हुई 8वीं किसान पाठशाला

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किसानों से सीधा संवाद कर उन्हें सरकार की योजनाओं और आधुनिक खेती के तरीकों से अवगत कराया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 8वीं किसान पाठशाला का शुभारंभ किया, जिसका उद्देश्य किसानों को नई तकनीक, उन्नत बीज, आधुनिक कृषि उपकरण और वैज्ञानिक खेती की जानकारी देना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसान प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और उनकी आय बढ़ाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
संवाद के दौरान CM योगी ने किसानों की समस्याएं सुनीं और भरोसा दिलाया कि सरकार हर स्तर पर उनके हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि बीते वर्षों में सिंचाई, बिजली, फसल बीमा और समर्थन मूल्य के क्षेत्र में कई ठोस कदम उठाए गए हैं। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत किसानों को सीधे खाते में आर्थिक सहायता मिल रही है, जिससे उन्हें खेती के लिए जरूरी संसाधन जुटाने में सहूलियत हो रही है।
8वीं किसान पाठशाला के माध्यम से किसानों को प्राकृतिक खेती, ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई, मृदा परीक्षण, जैविक खाद और फसल विविधीकरण जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां दी जाएंगी। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि बदलते मौसम और जलवायु परिस्थितियों को देखते हुए किसानों को वैज्ञानिक तरीकों को अपनाना होगा, ताकि कम लागत में अधिक उत्पादन संभव हो सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पाठशाला के जरिए दी जाने वाली जानकारी किसानों तक सरल और व्यावहारिक रूप में पहुंचे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यह भी कहा कि सरकार मंडियों के आधुनिकीकरण और किसानों को उनकी उपज का सही मूल्य दिलाने के लिए लगातार काम कर रही है। ई-नाम प्लेटफॉर्म और डिजिटल भुगतान प्रणाली से किसानों को बिचौलियों से मुक्ति मिल रही है। इसके साथ ही किसान उत्पादक संगठन (FPO) के माध्यम से किसानों को सामूहिक रूप से मजबूत बनाने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं।
कार्यक्रम में मौजूद किसानों ने मुख्यमंत्री के संवाद को सकारात्मक बताया और कहा कि इस तरह की किसान पाठशालाएं जमीनी स्तर पर खेती को बेहतर बनाने में मददगार साबित होती हैं। कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने किसानों से अपील की कि वे नई तकनीकों को अपनाएं और सरकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। कुल मिलाकर, बाराबंकी में शुरू हुई 8वीं किसान पाठशाला किसानों के ज्ञान और आत्मनिर्भरता को बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।



