बड़ी खबरविदेश

UN की चेतावनी: अफगानिस्तान में ISIS-K का विस्तार, अमेरिका-यूरोप के लिए बढ़ा खतरा

अफगानिस्तान में आतंकी संगठन ‘इस्लामिक स्टेट खोरासान प्रांत’ (ISIS-K) का तेजी से हो रहा विस्तार अब वैश्विक सुरक्षा के लिए गंभीर चिंता का विषय बन गया है। हाल ही में संयुक्त राष्ट्र (UN) ने एक रिपोर्ट जारी कर इस खतरे की ओर ध्यान आकर्षित किया है, जिसमें स्पष्ट किया गया है कि यह संगठन अब केवल अफगानिस्तान या पड़ोसी क्षेत्रों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसके निशाने पर अमेरिका और यूरोप जैसे पश्चिमी देश भी हैं।

रिपोर्ट के अनुसार, अफगानिस्तान से तालिबान की सत्ता में वापसी के बाद से ISIS-K ने अपनी गतिविधियाँ और भर्ती अभियान दोनों तेज कर दिए हैं। संगठन अब नई रणनीति के तहत युवाओं को कट्टरपंथी विचारधारा से जोड़ रहा है और आधुनिक तकनीक व सोशल मीडिया के माध्यम से पश्चिमी देशों में हमलों की योजना बना रहा है। UN का कहना है कि ISIS-K अब उन चरमपंथी लड़ाकों को अपने साथ जोड़ रहा है जो तालिबान के साथ असहमति रखते हैं और एक अधिक कट्टर इस्लामी शासन की वकालत करते हैं।

संयुक्त राष्ट्र ने यह भी बताया कि अफगानिस्तान की मौजूदा राजनीतिक और आर्थिक अस्थिरता इस आतंकी संगठन के लिए अनुकूल वातावरण बना रही है। सुरक्षा तंत्र के कमजोर होने और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के अभाव में ISIS-K को खुले तौर पर अपने नेटवर्क को फैलाने का मौका मिल रहा है। इसके अलावा, संगठन का उद्देश्य न केवल अफगान सरकार को अस्थिर करना है, बल्कि वैश्विक स्तर पर “खलीफा शासन” की स्थापना के नाम पर आतंक फैलाना भी है।

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर समय रहते इस पर नियंत्रण नहीं किया गया, तो यह संगठन आने वाले समय में अमेरिका और यूरोप की धरती पर बड़े आतंकी हमले करने में सक्षम हो सकता है। पूर्व में भी ISIS-K ने काबुल एयरपोर्ट बम धमाके और कई आत्मघाती हमलों की जिम्मेदारी ली थी, जिसमें दर्जनों लोगों की जान गई थी। अब उसकी गतिविधियाँ और ज़्यादा सुसंगठित और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर केंद्रित होती जा रही हैं।

संयुक्त राष्ट्र की यह चेतावनी न केवल सुरक्षा एजेंसियों के लिए अलार्म है, बल्कि पूरी दुनिया को इस दिशा में एकजुट होने की आवश्यकता की ओर इशारा करती है। आतंकवाद के इस नए चेहरे से निपटने के लिए बहुपक्षीय सहयोग, खुफिया जानकारी का साझा करना, और अफगानिस्तान की स्थिरता में भूमिका निभाना बेहद जरूरी हो गया है।

इस तरह, अफगानिस्तान में ISIS-K का बढ़ता प्रभाव आने वाले वर्षों में वैश्विक शांति और सुरक्षा के लिए एक गंभीर चुनौती बन सकता है। अब यह केवल एक क्षेत्रीय समस्या नहीं, बल्कि एक अंतरराष्ट्रीय आपातकाल की स्थिति है — जिस पर तत्काल कार्रवाई की ज़रूरत है।

Computer Jagat 24

Founded in 2018, Computer Jagat24 has quickly emerged as a leading news source based in Lucknow, Uttar Pradesh. Our mission is to inspire, educate, and outfit our readers for a lifetime of adventure and stewardship, reflecting our commitment to providing comprehensive and reliable news coverage.

संबंधित समाचार

Back to top button