विधानसभा में गरजे सीएम योगी, बोले– पारदर्शिता से बदली व्यवस्था, अब जनता का पैसा जनता पर खर्च

उत्तर प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकार की उपलब्धियों को गिनाते हुए कहा कि उनकी सरकार ने प्रदेश में भ्रष्टाचार पर प्रभावी रोक लगाई है और सरकारी धन के लीकेज को बंद करने में सफलता हासिल की है। सदन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि पहले योजनाओं का पैसा जरूरतमंदों तक पूरी तरह नहीं पहुंच पाता था, लेकिन अब पारदर्शी व्यवस्था और तकनीक के उपयोग से स्थिति पूरी तरह बदल गई है। मुख्यमंत्री ने बताया कि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) प्रणाली के माध्यम से करोड़ों लाभार्थियों के खातों में सीधे धनराशि भेजी जा रही है, जिससे बिचौलियों की भूमिका समाप्त हुई है।
सीएम योगी ने कहा कि सरकार ने ई-टेंडरिंग, ऑनलाइन मॉनिटरिंग और डिजिटल भुगतान प्रणाली को मजबूत किया है, जिससे विभागों में जवाबदेही बढ़ी है। उन्होंने दावा किया कि पिछली सरकारों के समय जो योजनाएं कागजों तक सीमित रहती थीं, अब वे धरातल पर दिखाई दे रही हैं। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि राजस्व संग्रह में वृद्धि और फिजूलखर्ची पर नियंत्रण के कारण राज्य की वित्तीय स्थिति मजबूत हुई है।
उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि जो लोग पहले भ्रष्टाचार पर चुप रहते थे, वे अब पारदर्शिता की बात कर रहे हैं। मुख्यमंत्री के अनुसार, सरकार का लक्ष्य है कि हर रुपये का सही उपयोग हो और विकास कार्यों का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने बताया कि बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य, शिक्षा और ग्रामीण विकास जैसे क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर निवेश किया गया है।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए निवेश को प्रोत्साहन दिया गया है और उद्योगों को पारदर्शी माहौल उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि भ्रष्टाचार पर नियंत्रण और सुशासन की नीति के चलते उत्तर प्रदेश देश की अग्रणी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होगा। बजट सत्र में उनके इस बयान को सरकार की उपलब्धियों के तौर पर देखा जा रहा है, जबकि विपक्ष ने इस पर सवाल भी उठाए हैं।



