
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह के एक सोशल मीडिया पोस्ट ने राजनीतिक हलकों में नई बहस छेड़ दी है। इस पोस्ट में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और RSS की विचारधारा को लेकर ऐसी टिप्पणी की, जिस पर सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों ओर से तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आईं। पोस्ट सामने आते ही इसे लेकर सोशल मीडिया पर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया और भाजपा नेताओं ने इसे आपत्तिजनक बताते हुए कड़ा विरोध दर्ज कराया। बढ़ते विवाद को देखते हुए दिग्विजय सिंह को अपने बयान पर सफाई देनी पड़ी।
दिग्विजय सिंह ने कहा कि उनके पोस्ट को गलत संदर्भ में लिया गया है और उनका उद्देश्य किसी की भावनाओं को आहत करना नहीं था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वे वैचारिक मतभेदों को लोकतांत्रिक तरीके से रखने के पक्षधर हैं। वहीं, भाजपा नेताओं ने कांग्रेस पर बार-बार राष्ट्रीय संगठनों और प्रधानमंत्री के खिलाफ बयानबाजी करने का आरोप लगाया। इस पूरे घटनाक्रम के बाद एक बार फिर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीतिक तापमान और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।



