यूपी में नि:शुल्क खाद्यान्न योजना से जुड़ेंगे 56 लाख नए लाभार्थी, अन्नपूर्णा भवनों का होगा विस्तार

उत्तर प्रदेश सरकार ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए नि:शुल्क खाद्यान्न योजना का दायरा बढ़ाने का निर्णय लिया है। इस पहल के तहत प्रदेश में लगभग 56 लाख नए पात्र लाभार्थियों को योजना से जोड़ने की तैयारी की जा रही है। सरकार का उद्देश्य है कि आर्थिक रूप से कमजोर और पात्र परिवारों तक खाद्यान्न का लाभ समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पहुंचे, ताकि कोई भी जरूरतमंद परिवार सरकारी सहायता से वंचित न रहे।
इसके साथ ही प्रदेशभर में अन्नपूर्णा भवनों के विस्तार की योजना पर भी तेजी से काम किया जाएगा। इन भवनों के माध्यम से खाद्यान्न के सुरक्षित भंडारण, सुव्यवस्थित वितरण और सार्वजनिक वितरण प्रणाली को आधुनिक बनाने पर जोर दिया जाएगा। सरकार का मानना है कि बेहतर आधारभूत ढांचे से राशन वितरण प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, सुगम और प्रभावी बनेगी, जिससे लाभार्थियों को समय पर खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा सकेगा।
खाद्य एवं रसद विभाग को पात्र परिवारों की पहचान, सत्यापन और नए लाभार्थियों को योजना से जोड़ने की प्रक्रिया निर्धारित समयसीमा में पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा डिजिटल प्रणाली को और मजबूत बनाने, ई-पॉस मशीनों के प्रभावी उपयोग तथा वितरण व्यवस्था की नियमित निगरानी पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि योजना का लाभ बिना किसी भेदभाव के सभी पात्र लोगों तक पहुंचे और वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता बनी रहे।
सरकार का कहना है कि खाद्य सुरक्षा को मजबूत करना उसकी प्राथमिकताओं में शामिल है। नि:शुल्क खाद्यान्न योजना के विस्तार और अन्नपूर्णा भवनों की संख्या बढ़ने से न केवल वितरण प्रणाली को मजबूती मिलेगी, बल्कि दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाले लाभार्थियों को भी बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी। इससे सार्वजनिक वितरण प्रणाली की कार्यक्षमता बढ़ेगी और प्रदेश में खाद्यान्न उपलब्ध कराने की व्यवस्था अधिक सुदृढ़ होगी।



