पुलिस खोलेगी पुराने राज! बाबा वीरेंद्र देव केस में नए सिरे से जांच के आदेश

उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद में चर्चित संत बाबा वीरेंद्र देव के कथित अपहरण और हत्या के मामले ने एक बार फिर तूल पकड़ लिया है। इस प्रकरण में दर्ज मुकदमे के तहत पहले ही 14 अनुयायियों के खिलाफ केस दर्ज किया जा चुका था, लेकिन अब पुलिस ने पूरे मामले की गहन और निष्पक्ष जांच करने का फैसला किया है। अधिकारियों के अनुसार, केस से जुड़े कई पहलुओं की दोबारा पड़ताल की जाएगी, जिनमें घटनास्थल से जुड़े साक्ष्य, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और डिजिटल सबूत शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि जांच को पारदर्शी और तथ्यों पर आधारित रखा जाएगा ताकि सच्चाई सामने आ सके। बताया जा रहा है कि बाबा वीरेंद्र देव के अचानक लापता होने के बाद उनके अपहरण की आशंका जताई गई थी, जिसके बाद हत्या की बात सामने आई। इस मामले में कुछ अनुयायियों की भूमिका संदिग्ध पाई गई थी, जिसके आधार पर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था। हालांकि, समय बीतने के साथ कई सवाल अनुत्तरित रह गए थे, जिससे पीड़ित पक्ष और स्थानीय लोगों में असंतोष था। अब पुलिस प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि सभी बिंदुओं पर गंभीरता से जांच होगी और यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाई गई तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। सूत्रों के मुताबिक, जांच टीम पुराने केस डायरी, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और वित्तीय लेन-देन की भी जांच कर सकती है ताकि किसी साजिश या आपसी रंजिश के पहलू को खंगाला जा सके। वहीं, पुलिस अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि किसी निर्दोष व्यक्ति को परेशान नहीं किया जाएगा, लेकिन दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। इस घटनाक्रम के बाद क्षेत्र में फिर से चर्चा तेज हो गई है और लोग जांच के नतीजों का इंतजार कर रहे हैं। प्रशासन का मानना है कि इस संवेदनशील मामले में निष्पक्ष कार्रवाई से कानून व्यवस्था पर लोगों का भरोसा और मजबूत होगा। फिलहाल, पुलिस ने जांच प्रक्रिया को तेज कर दिया है और संबंधित पक्षों से पूछताछ का सिलसिला भी शुरू हो चुका है।



