Bonus Share Vs Stock Split: क्या है अंतर और कौन है फायदेमंद?
शेयर बाजार में निवेश करने वाले अक्सर बोनस शेयर और स्टॉक स्प्लिट की खबरें सुनते हैं, लेकिन बहुत से निवेशकों को इनके बीच का अंतर स्पष्ट नहीं होता।
बोनस शेयर तब दिए जाते हैं जब कंपनी अपने रिजर्व से मौजूदा शेयरधारकों को मुफ्त में अतिरिक्त शेयर देती है। इससे शेयरधारकों के पास शेयरों की संख्या बढ़ जाती है, लेकिन कंपनी की कुल वैल्यू वही रहती है।
वहीं दूसरी ओर, स्टॉक स्प्लिट में एक शेयर को छोटे-छोटे हिस्सों में बांट दिया जाता है। इससे हर शेयर की कीमत घट जाती है लेकिन कुल वैल्यू और निवेशक की हिस्सेदारी जस की तस रहती है।
उदाहरण के लिए, अगर आपके पास ₹1000 का एक शेयर है और 1:2 का स्टॉक स्प्लिट होता है, तो अब आपके पास ₹500 के दो शेयर होंगे।
जहां बोनस शेयर लंबी अवधि में अधिक रिटर्न देने की संभावना रखते हैं, वहीं स्टॉक स्प्लिट से शेयर की लिक्विडिटी बढ़ती है, जिससे छोटे निवेशकों को निवेश करने में आसानी होती है।
दोनों ही विकल्प अपने-अपने फायदे के साथ आते हैं और कंपनी की ग्रोथ पर निर्भर करते हैं।



