
अंतरिक्ष में चीन के स्पेस मिशन से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। चीन का तियानगोंग स्पेस स्टेशन (Tiangong Space Station) अंतरिक्ष में घूमते हुए मलबे से टकरा गया है, जिसके बाद वहां मौजूद चीनी अंतरिक्ष यात्रियों की वापसी में देरी होने की संभावना है। चीन की राष्ट्रीय अंतरिक्ष एजेंसी CNSA (China National Space Administration) ने बताया कि यह घटना तब हुई जब स्टेशन पृथ्वी की निचली कक्षा में परिक्रमा कर रहा था। मलबे के टकराने से स्टेशन के बाहरी हिस्से में हल्का नुकसान हुआ है, हालांकि सभी यात्री सुरक्षित हैं और फिलहाल किसी गंभीर खतरे की स्थिति नहीं है।
एजेंसी ने अपने बयान में कहा कि टक्कर के तुरंत बाद स्टेशन की स्वचालित सुरक्षा प्रणाली सक्रिय हो गई और दिशा नियंत्रण (attitude control) सिस्टम ने स्टेशन को स्थिर कर दिया। स्टेशन की दबाव प्रणाली और ऑक्सीजन स्तर की जांच की गई, जिसमें कोई बड़ा नुकसान नहीं पाया गया। इसके बावजूद सुरक्षा कारणों से अंतरिक्ष यात्रियों की वापसी प्रक्रिया को कुछ समय के लिए टाल दिया गया है। पहले योजना थी कि चालक दल नवंबर के दूसरे सप्ताह में पृथ्वी पर लौटेगा, लेकिन अब नई तारीख जांच और मरम्मत कार्य के बाद तय की जाएगी।
वैज्ञानिकों का कहना है कि यह घटना अंतरिक्ष मलबे (space debris) की बढ़ती समस्या की गंभीरता को दर्शाती है। उपग्रहों, रॉकेटों और पुराने मिशनों से बचे हुए हिस्से अब अंतरिक्ष में बड़ी मात्रा में घूम रहे हैं, जो सक्रिय स्पेस स्टेशनों और सैटेलाइट्स के लिए खतरा बनते जा रहे हैं। नासा और यूरोपियन स्पेस एजेंसी (ESA) भी कई बार यह चेतावनी दे चुकी हैं कि यदि मलबे का नियंत्रण नहीं किया गया, तो भविष्य में अंतरिक्ष मिशनों की सुरक्षा पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है।
चीन ने इस घटना को एक ‘सावधानी संकेत’ के रूप में लिया है और अपने ट्रैकिंग सिस्टम को और मजबूत बनाने की घोषणा की है। तियानगोंग स्पेस स्टेशन चीन की महत्वाकांक्षी अंतरिक्ष योजनाओं का अहम हिस्सा है, जिसके जरिए वह भविष्य में चांद और मंगल मिशन को गति देना चाहता है। मलबे से हुई यह टक्कर भले ही छोटी लगती हो, लेकिन इसने अंतरिक्ष सुरक्षा और मानव मिशनों की विश्वसनीयता पर नई बहस छेड़ दी है।



