
Mukesh Ambani की अगुवाई वाली Reliance Industries Limited की वार्षिक आम बैठक (AGM) 2026 में निवेशकों को बड़ा तोहफा मिला। कंपनी ने घोषणा की कि उसकी दूरसंचार इकाई Jio Platforms Limited के प्रारंभिक सार्वजनिक निर्गम (IPO) को बोर्ड की मंजूरी मिल गई है। इसके साथ ही कंपनी ने ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) भी नियामकीय प्रक्रिया के तहत दाखिल कर दिया है।
Jio IPO को लंबे समय से भारतीय शेयर बाजार के सबसे चर्चित और बहुप्रतीक्षित पब्लिक इश्यू में से एक माना जा रहा था। कंपनी के इस कदम से निवेशकों को पहली बार जियो के कारोबार में प्रत्यक्ष हिस्सेदारी लेने का अवसर मिल सकता है। जियो ने पिछले कुछ वर्षों में दूरसंचार, डिजिटल सेवाओं, फाइबर ब्रॉडबैंड और तकनीकी इकोसिस्टम में तेजी से विस्तार किया है, जिसके कारण बाजार की निगाहें इसके लिस्टिंग प्लान पर टिकी हुई थीं।
AGM के दौरान मुकेश अंबानी ने कंपनी की भविष्य की विकास रणनीति, डिजिटल इकोनॉमी में जियो की भूमिका और निवेशकों के लिए मूल्य सृजन की योजनाओं पर भी प्रकाश डाला। IPO के आकार, मूल्य बैंड और लिस्टिंग टाइमलाइन से जुड़ी विस्तृत जानकारी नियामकीय मंजूरियों और आगामी दस्तावेजों के जरिए सामने आने की उम्मीद है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि जियो की लिस्टिंग भारतीय पूंजी बाजार की सबसे बड़ी घटनाओं में से एक साबित हो सकती है।
मुख्य बातें:
- Jio IPO को बोर्ड की मंजूरी मिल गई।
- कंपनी ने DRHP दाखिल कर दिया है।
- IPO के जरिए निवेशकों को जियो में हिस्सेदारी का अवसर मिलेगा।
- मूल्य बैंड और इश्यू साइज की जानकारी बाद में जारी की जाएगी।
- जियो भारत की सबसे बड़ी डिजिटल और टेलीकॉम कंपनियों में से एक है।



