पश्चिम एशिया से 4052 भारतीय नाविक सुरक्षित लौटे, मृतकों के परिवारों को मिलेंगे 10 लाख

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और सुरक्षा चुनौतियों के बीच भारत ने अपने नागरिकों की सुरक्षित वापसी के लिए बड़े स्तर पर अभियान चलाया। इस अभियान के तहत 4052 भारतीय नाविकों को सुरक्षित स्वदेश लाया गया। सरकार ने कहा कि भारतीय नागरिकों की सुरक्षा उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
विदेशों में काम करने वाले भारतीय नाविकों की सुरक्षा को लेकर लगातार निगरानी रखी जा रही थी। संबंधित मंत्रालयों और एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल के जरिए प्रभावित क्षेत्रों में फंसे लोगों को निकालने की प्रक्रिया पूरी की गई।
इस दौरान कुछ नाविकों की मौत की खबर भी सामने आई। सरकार ने मृतकों के परिवारों को राहत देने के लिए 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का फैसला किया है। यह सहायता परिवारों को मुश्किल समय में आर्थिक सहारा देने के उद्देश्य से दी जाएगी।
अधिकारियों के अनुसार, पश्चिम एशिया की स्थिति पर भारत लगातार नजर बनाए हुए है। विदेशों में मौजूद भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए दूतावासों और संबंधित संस्थानों को भी सक्रिय रखा गया है।
भारत सरकार ने विदेश में काम करने वाले नागरिकों से अपील की है कि वे सुरक्षा निर्देशों का पालन करें और किसी भी आपात स्थिति में संबंधित भारतीय मिशनों से संपर्क करें। नाविकों की सुरक्षित वापसी को सरकार की बड़ी राहत कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है।



