कर्नाटक में B नागेंद्र के इस्तीफे की मांग, BJP-JDS का विधानसभा तक मार्च

कर्नाटक की राजनीति में मंत्री B नागेंद्र को लेकर विवाद फिर तेज हो गया है। शुक्रवार को BJP और JDS विधायकों ने उनके इस्तीफे की मांग को लेकर बेंगलुरु में विरोध मार्च निकाला। प्रदर्शनकारियों ने वाल्मीकि प्रतिमा से विधानसभा यानी विधान सौधा तक मार्च किया।
विपक्ष का आरोप है कि नागेंद्र का नाम कर्नाटक महर्षि वाल्मीकि अनुसूचित जनजाति विकास निगम से जुड़े कथित करोड़ों रुपये के गबन मामले में सामने आया है। BJP और JDS लगातार मांग कर रहे हैं कि सरकार उन्हें मंत्री पद से हटाए।
प्रदर्शन के दौरान BJP और JDS के कुछ विधायक काले टी-शर्ट पहनकर विधानसभा परिसर में पहुंचे। विधानसभा के मार्शलों ने उन्हें रोकने की कोशिश की, लेकिन प्रदर्शनकारी आगे बढ़ गए और सरकार के खिलाफ नारे लगाए। विपक्ष के नेता आर. अशोक और BJP प्रदेश अध्यक्ष बी.वाई. विजयेंद्र ने प्रदर्शन का नेतृत्व किया।
वहीं, कांग्रेस सरकार ने विपक्ष के आरोपों को खारिज किया है। सत्ता पक्ष का आरोप है कि BJP और JDS विधानसभा की कार्यवाही को बाधित कर रहे हैं। नागेंद्र ने भी विपक्ष की कार्रवाई पर पलटवार करते हुए खुद को निशाना बनाए जाने का आरोप लगाया है।
यह विवाद इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि नागेंद्र ने 2024 में आरोप सामने आने के बाद मंत्री पद से इस्तीफा दिया था, लेकिन बाद में उन्हें मंत्रिमंडल में फिर जगह मिली और वर्तमान में उनके पास योजना एवं सांख्यिकी विभाग है।
मुख्य बातें
- BJP-JDS ने B नागेंद्र के इस्तीफे की मांग की।
- विपक्षी विधायकों ने विधानसभा तक विरोध मार्च निकाला।
- प्रदर्शन वाल्मीकि निगम फंड में कथित अनियमितताओं को लेकर हुआ।
- काले टी-शर्ट पहनकर पहुंचे विधायकों को मार्शलों ने रोकने की कोशिश की।
- कांग्रेस ने विपक्ष पर विधानसभा की कार्यवाही बाधित करने का आरोप लगाया।
- नागेंद्र ने अपने खिलाफ लगाए जा रहे आरोपों को राजनीतिक निशाना बताया।



