
Budget 2026 के लाइव अपडेट में जेम्स और ज्वैलरी सेक्टर ने वित्त मंत्री से जीएसीटी और इंपोर्ट ड्यूटी में राहत की बड़ी मांग की है। उद्योग का कहना है कि इन शुल्कों में कमी से व्यवसाय में तेजी आएगी और स्थानीय उद्योग को बढ़ावा मिलेगा। ज्वैलरी और जेम्स एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने बैठक में कहा कि उच्च इंपोर्ट ड्यूटी और जीएसीटी से एक्सपोर्ट और लोकल सेल दोनों प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने वित्त मंत्री से अनुरोध किया कि बजट में इस दिशा में सकारात्मक कदम उठाया जाए।
विशेषज्ञों का कहना है कि अगर सरकार इन मांगों को स्वीकार करती है तो ज्वैलरी और जेम्स इंडस्ट्री में निवेश और रोजगार दोनों को बढ़ावा मिलेगा। इसके अलावा, उपभोक्ताओं को भी सस्ते दाम में उत्पाद मिल सकेंगे।
वित्त मंत्रालय ने फिलहाल बैठक में उद्योग की मांगों को नोट किया है। बजट पेश होने के बाद ही स्पष्ट होगा कि जीएसीटी और इंपोर्ट ड्यूटी में कितनी राहत दी जाती है। बजट 2026 से पहले उद्योगों की ये मांगें संकेत देती हैं कि वित्त मंत्री से व्यापार और उद्योगिक विकास पर खास ध्यान देने की उम्मीद की जा रही है। निवेशक और व्यापारिक समुदाय इस बजट पर नजर बनाए हुए हैं।



