धार्मिक कथावाचक अनिरुद्धाचार्य द्वारा लड़कियों को लेकर दिए गए आपत्तिजनक बयान ने देशभर में नाराजगी की लहर पैदा कर दी है। उनकी टिप्पणी कि “लड़कियां 4-5 जगह मुंह मारकर आती हैं” न केवल शर्मनाक है, बल्कि महिलाओं की गरिमा के खिलाफ है। इस बयान के खिलाफ आवाजें उठनी शुरू हो गई हैं, और सबसे तीखी प्रतिक्रिया आई है अभिनेत्री दिशा पाटनी की बहन की ओर से।
दिशा पाटनी की बहन खुशबू पाटनी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में अपना गुस्सा जाहिर करते हुए कहा, “अगर सामने होता तो उसका मुंह तोड़ देती। कोई आदमी महिलाओं के बारे में ऐसी गंदी सोच रखता है, वह खुद समाज के लिए खतरा है।” उनका यह बयान वायरल हो गया है और लाखों लोगों ने इसे शेयर और सपोर्ट किया है।
अनिरुद्धाचार्य एक प्रसिद्ध धार्मिक कथावाचक हैं, जिनके प्रवचन सोशल मीडिया और यूट्यूब पर लाखों लोग देखते हैं। लेकिन जब ऐसे प्रभावशाली लोग मंच का इस्तेमाल महिला विरोधी और अपमानजनक भाषा के लिए करते हैं, तो यह चिंता का विषय बन जाता है। बयान के बाद कई सामाजिक संगठनों और महिला आयोगों ने भी इस पर कार्रवाई की मांग की है।
दिशा पाटनी की बहन की प्रतिक्रिया के बाद सोशल मीडिया पर #ArrestAniruddhacharya ट्रेंड करने लगा है। लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि एक कथावाचक, जो धर्म और मर्यादा की बात करता है, वह महिलाओं के बारे में इतनी अभद्र भाषा कैसे इस्तेमाल कर सकता है।
महिला संगठनों ने इसे महिला अपमान की श्रेणी में डालते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग की है। कुछ संगठनों ने तो FIR दर्ज कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। उनका कहना है कि यह कोई साधारण टिप्पणी नहीं, बल्कि पूरे महिला वर्ग का अपमान है।
वहीं अनिरुद्धाचार्य की टीम की ओर से सफाई देने की कोशिश की गई है कि यह कथन “सीधे तौर पर किसी वर्ग को लक्ष्य नहीं कर रहा था” और “गलत संदर्भ में लिया गया है।” हालांकि, सोशल मीडिया पर लोग इस सफाई को नकारते हुए उसे “Damage Control” बता रहे हैं।
यह मामला न सिर्फ महिलाओं की गरिमा से जुड़ा है, बल्कि यह सवाल भी उठाता है कि क्या धार्मिक मंचों का इस्तेमाल इस तरह की हेट स्पीच के लिए होना चाहिए? दिशा पाटनी की बहन की प्रतिक्रिया ने इस मुद्दे को और ज्यादा जन-भावनाओं से जोड़ दिया है।
अब देखना यह है कि क्या प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लेकर उचित कदम उठाएगा या फिर यह भी एक और सोशल मीडिया बहस बनकर रह जाएगा।



