वाराणसी में डॉक्टर शुभंकर गौतम की मौत, पत्नी से विवाद की बात सामने आई

वाराणसी के हेरिटेज अस्पताल में कार्यरत यूरोलॉजिस्ट डॉ. शुभंकर गौतम की मौत से मेडिकल जगत और स्थानीय क्षेत्र में शोक की लहर है। डॉक्टर का शव शनिवार शाम अस्पताल परिसर स्थित उनके आवास के कमरे से बरामद हुआ। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, डॉक्टर शुभंकर गौतम अस्पताल के डॉक्टर आवास में रह रहे थे। शनिवार को उनकी ओपीडी ड्यूटी थी, लेकिन वह ड्यूटी पर नहीं पहुंचे। इसके बाद अस्पताल प्रबंधन को इसकी जानकारी दी गई। शाम को सुरक्षा अधिकारियों ने उनके कमरे का दरवाजा बंद पाया, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।
पुलिस और अस्पताल प्रशासन की प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, डॉक्टर अपने कमरे में मृत मिले। कमरे से एक इंजेक्शन मिलने की बात भी सामने आई है। हालांकि, घटना की वास्तविक परिस्थितियों और मौत के कारण की पुष्टि विस्तृत पुलिस जांच तथा पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगी।
प्रारंभिक पूछताछ में डॉक्टर के पारिवारिक जीवन से जुड़ी परेशानियों की बात सामने आई है। रिपोर्ट के अनुसार, उनका पत्नी के साथ अक्सर विवाद होता था और इससे पहले भी घरेलू विवाद के मामलों में पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा था। हालांकि, इन परिस्थितियों को मौत का अंतिम कारण मानना अभी उचित नहीं होगा और जांच पूरी होने का इंतजार किया जाना चाहिए।
पुलिस की जांच में डॉक्टर से जुड़े नशे की शिकायतों का भी उल्लेख सामने आया है। रिपोर्ट में उनके कमरे से कथित तौर पर ड्रग्स मिलने की बात कही गई है। अस्पताल प्रबंधन की ओर से डॉक्टर की कार्यशैली और व्यवहार को लेकर पहले शिकायतें मिलने तथा काउंसलिंग किए जाने की बात भी रिपोर्ट में कही गई है। इन सभी पहलुओं की जांच पुलिस कर रही है।
डॉ. शुभंकर गौतम मूल रूप से पटना के कंकड़बाग क्षेत्र के रहने वाले बताए गए हैं और करीब दो वर्षों से वाराणसी के हेरिटेज अस्पताल में कार्यरत थे। उनकी अचानक हुई मौत की खबर सामने आने के बाद अस्पताल के सहकर्मियों और परिचितों में भी शोक का माहौल है।
फिलहाल पुलिस ने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं और परिजनों को सूचना दी गई है। मामले में पोस्टमार्टम और आगे की जांच के बाद ही मौत से जुड़े सभी तथ्यों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस पारिवारिक विवाद, स्वास्थ्य और अन्य परिस्थितियों समेत सभी संभावित पहलुओं को जांच में शामिल कर रही है।
नोट: यह खबर उपलब्ध पुलिस/मीडिया रिपोर्टों पर आधारित है। मौत के कारण और घटना से जुड़े आरोपों की अंतिम पुष्टि आधिकारिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मानी जानी चाहिए।



